बस से ट्रेन जांचने पहुंची टीम, 297 मामले पकड़े
Team arrived by bus to inspect trains; 297 cases detected.

बिलासपुर: रेल मंडल के वाणिज्य विभाग ने बेटिकट यात्रियों और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई के लिए तरीका बदलकर जांच किया। टीम ट्रेन के बजाय बस से जयरामनगर रेलवे स्टेशन पहुंची और औचक जांच अभियान चलाया। अचानक हुई इस कार्रवाई का असर भी नजर आया। टीम ने एक ही दिन में 297 मामले दर्ज कर एक लाख 94 हजार 620 रुपये का जुर्माना वसूल किया।
दरअसल, जांच दल के ट्रेन से स्टेशन पहुंचने की जानकारी यात्रियों के बीच तेजी से फैल जाती है। इससे बेटिकट यात्रा करने वाले और अन्य नियमों का उल्लंघन करने वाले यात्री पहले ही सतर्क हो जाते हैं और जांच के दौरान पकड़ में नहीं आते। इसे देखते हुए वाणिज्य विभाग ने बस से पहुंचकर जांच करने का तरीका अपनाया।
टीम के अचानक स्टेशन पहुंचने से यात्रियों को संभलने का मौका नहीं मिला और बड़ी संख्या में अनियमितताएं पकड़ में आ गईं। रेलवे का यह तरीका आगे भी जांच अभियानों में कारगर साबित हो सकता है। टिकट लेकर यात्रा करने वाले यात्रियों की सुविधा एवं बिना टिकट यात्रा करने वाले यात्रियों की रोकथाम तथा स्टेशनों में यात्रियों को रेलवे नियमों का पालन करने के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अनुराग कुमार सिंह के मार्गदर्शन और सहायक वाणिज्य प्रबंधक डीएस चौहान के नेतृत्व में जयरामनगर स्टेशन में टिकट चेकिंग अभियान चलाया गया।
अभियान में वाणिज्य निरीक्षक, टीटीई के अलावा आरपीएफ स्टाफ शामिल रहे। इस दौरान जयरामनगर स्टेशन से गुजरने वाली 26 ट्रेनों में दबिश दी गई।
जानिए जांच टीम ने किस तरह के प्रकरण पकड़े और जुर्माना वसूला
बिना टिकट के 245 मामले से 1,80,250 रुपए।
अनियमित टिकट के 17 मामले से 10,670 रुपए।
बिना बुक किए गए लगेज के 35 मामले से 3,700 रुपए।
जांच के साथ रेलवे ने यात्रियों को नियमों के पालन की दी समझाइश
बेटिकट यात्रियों और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई के साथ रेल प्रशासन ने यात्रियों को जागरूक भी किया। अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की कि वे यात्रा के लिए हमेशा उचित एवं वैध टिकट लेकर ही ट्रेन में सफर करें। स्टेशन परिसर में प्रवेश करने से पहले प्लेटफार्म टिकट लेना भी अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करें। एक प्लेटफार्म से दूसरे प्लेटफार्म पर जाने के लिए ट्रैक पार नहीं करने और निर्धारित फुटओवर ब्रिज का ही उपयोग करने की सलाह दी।
